गाजियाबाद
दो माह से वेतन न मिलने पर विधुत विभाग के संविदा कर्मियों का हंगामा
लोनी में रुपनगर प्रथम विद्युत वितरण खंड का घेराव, ठेकेदार कंपनी और विभाग के खिलाफ नारेबाजी

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
लोनी (गाज़ियाबाद) : लोनी क्षेत्र के संविदा विद्युतकर्मियों ने सोमवार को दो माह से लंबित वेतन को लेकर हंगामा किया और विधुत वितरण खंड रुपनगर प्रथम कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने ठेकेदार कंपनी मैहर इंटरप्राइजेज और विभागीय अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की।
छह उपखंडों के कर्मचारियों ने किया कार्य बहिष्कार
जानकारी के अनुसार, लोनी क्षेत्र के छह उपखंड — रुपनगर प्रथम, रुपनगर द्वितीय, नाईपुरा लालबाग, चमन बिहार, डीएलएफ और अंकुर बिहार — में तैनात लाइनमैन, पेट्रोलमैन और एसएसओ दो महीने से वेतन न मिलने से परेशान हैं।
कर्मचारियों का कहना है कि कंपनी की ओर से पीएफ और ईएसआई की राशि भी समय पर जमा नहीं की जा रही, जिससे वे आर्थिक संकट में हैं। नाराज कर्मचारियों ने सोमवार को एकजुट होकर कार्य बहिष्कार किया और रुपनगर प्रथम कार्यालय पहुंचकर धरना-प्रदर्शन किया।
अधिकारी पिछला गेट से निकले
प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही अधीक्षण अभियंता कार्यालय पहुंचे, लेकिन कर्मचारियों से बातचीत किए बिना पिछले गेट से निकल गए, जिससे प्रदर्शनकारियों में और अधिक आक्रोश फैल गया
प्रदर्शन का नेतृत्व कुलदीप कुमार, राजू यादव, अंकित ठाकुर, सन्नी, निखिल, गौरव ठाकुर, आबिद अली, महमूद अली, हरीश कुमार, बोबी भाटी, कुलदीप शर्मा, अरविंद, गजेन्द्र और आरिफ सहित कई कर्मचारियों ने किया।
कंपनी के एडमिन इंचार्ज हरीश अधिकारी ने बताया कि अगस्त माह में 296 कर्मचारियों का वेतन जारी किया जा चुका है, जबकि विभाग द्वारा भेजी गई 322 कर्मचारियों की सूची में से 26 कर्मचारियों के नाम कंपनी के रिकॉर्ड में नहीं हैं। अधिकारी ने कहा कि यह स्पष्ट नहीं है कि इन 26 लोगों की नियुक्ति किसने की।
विभागीय लापरवाही से बिगड़ा हाल
कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि विभागीय अधिकारियों की उदासीनता के कारण आज यह स्थिति उत्पन्न हुई है। अगर समय रहते विभाग कंपनी को भुगतान हेतु निर्देश देता, तो वेतन वितरण में देरी नहीं होती और आंदोलन की नौबत नहीं आती
जल्द भुगतान न हुआ तो आंदोलन उग्र होगा
कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र बकाया वेतन और पीएफ-ईएसआई की राशि का भुगतान नहीं किया गया, तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे, जिससे लोनी क्षेत्र की बिजली आपूर्ति प्रभावित हो सकती है।



