गुरुदेव के आगमन और प्रसंगों की सजीव एवं मनोहारी झांकियों ने भागवत रस को किया चौगुना

सीकर (आभावास)। खाटूधाम में श्री राधावल्लभ मंदिर गुवाड़ चौक परिसर में बह रही भागवत की अमृत धारा में चौथे दिन की कथा के दौरान अन्तर्राष्ट्रीय श्री महंत थाना पति श्री हीरापुरी जी महाराज डूंगरी कलां जयपुर पधारे। उपस्थित श्रहालुओं ने यज्ञमान परिवार के साथ गुरुजी के चरण पखार कर चरणामृत लिया उनका यथायोग्य स्वागत सत्कार किया।
अकिंचन कथा वाचक श्री रामबाबू शास्त्री ने कथा प्रसंगों के दौरान अद्भूत एवं भावपूर्ण, मनोहारी, सजीव झांकियों का इतना सुन्दर मंचन प्रस्तुत किया कि भागवत रस की मधुरता चौगुनी हो गई। श्रद्धालुओं ने आज भक्त प्रहलाद, भगवान नृसिंह अवतार, वामन भगवान , राजा बलि का उद्धार ,भगवान राम की लीला, अम्बरीष और दुर्वासा की कथा,कृष्ण जन्मोत्सव इत्यादि प्रसंगों का रसपान कर सुखानुभूति की। अंत में भागवत भगवान की भावपूर्ण आरती उतारी गई तत्पश्चात कृष्ण जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में यज्ञमान परिवार द्वारा टॉफी, खिलौने, फल-फूल, मिठाई, मधुर पेय पदार्थ एवं बाल वस्त्रों के रूप में खूब बधाईयाँ बांटी गई।
इस मौके पर अपने परिवार सहित आभावास निवासी शंकर लाल सोनी, सांभरलेक निवासी सुरेश कुमार, दिनेश कुमार , चौमू निवासी अंकित बटवाल ,आशुतोष बटवाल , अलोदा निवासी गणपत शर्मा एवं यज्ञमान परिवार सहित पप्पू मिश्रा , शिम्भू दयाल शर्मा, मूलसिंह बिदावत, पूर्व प्रधानाचार्य रजनीश शर्मा, प्रदीप जोशी, महेन्द्र जोशी , किशोर जगरामका, महावीर, ग्यारसीलाल, मनमोहन शर्मा सहित सैकड़ों स्त्री पुरुष उपस्थित रहे।




