बागपत
ढाई साल में बदला वार्ड–4 का चेहरा
कोविंद्र सभासद का विशेष इंटरव्यू — “विकास हमारे वादे नहीं, हमारी पहचान है”

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बागपत/बड़ौत — नगर क्षेत्र के वार्ड–4 में पिछले ढाई वर्षों में जिस तेज़ी से विकास कार्य हुए हैं, उसने इस वार्ड को शहर के उभरते हुए मॉडल वार्ड की सूची में शामिल कर दिया है। इस परिवर्तन के केंद्र में हैं — सभासद कोविंद्र, जिनकी कार्यशैली, सरल स्वभाव और जमीनी दृष्टिकोण ने लोगों के बीच गहरी पहचान बनाई है।
हमने उनसे बातचीत की और जाना कि ढाई साल में उन्होंने कौन–कौन से कार्य करवाए, किन चुनौतियों का सामना किया और आने वाले समय की उनकी योजनाएँ क्या हैं।
सवाल: ढाई साल के कार्यकाल में आपके सबसे महत्वपूर्ण विकास कार्य कौन–से रहे?
कोविंद्र सभासद:
“मैंने शुरुआत से ही एक ही सोच रखी— वार्ड में ऐसी मूलभूत सुविधाएँ दी जाएँ, जिनसे हर परिवार को राहत मिले। इसी दिशा में हमने कई काम पूरे किए:”
सड़क निर्माण: वार्ड में करीब 12 से अधिक गलियों का सीसी रोड व इंटरलॉकिंग कार्य पूरा हुआ। जो गलियाँ बरसात में दलदल बन जाती थीं, आज पक्की व सुगम हैं।
नाली निर्माण व सफाई व्यवस्था: वर्षों से लंबित पक्की नालियों का निर्माण, टूटी नालियों की मरम्मत, और सफाई व्यवस्था को नियमित करने के लिए विशेष अभियान चलाया।
स्ट्रीट लाइट्स: वार्ड में 100+ LED स्ट्रीट लाइटें लगवाईं। अब लोगों का रात में निकलना सुरक्षित हुआ है।
जल निकासी सुधार: बरसात में जलभराव वाली कई पॉकेट्स में पाइप लाइन डालकर बेहतर निकासी प्रणाली बनाई।
सामुदायिक स्थानों का सुधार: मंदिर परिसर, सामुदायिक स्थल और चबूतरे दुरुस्त करवाए, जिससे सामाजिक कार्यक्रम सुचारू हों।
सवाल: वार्ड के लोगों की सबसे बड़ी समस्या क्या थी, और आपने उसे कैसे हल किया?
सभासद कोविंद्र:
“सबसे बड़ी समस्या थी — सड़क और नाली दोनों। लोग बरसात में घरों से नहीं निकल पाते थे। बजट सीमित था, लेकिन मैंने प्राथमिकता तय की।
पहले मुश्किल इलाकों को चुना, फिर लगातार विभागों से बात कर, प्रस्ताव भेजकर और निरीक्षण कराकर काम शुरू करवाया। आज वार्ड–4 में जलभराव लगभग खत्म हो चुका है।”
सवाल: आपको काम में कौन–कौन सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा?
कोविंद्र सभासद:
“हर काम आसान नहीं होता। लेकिन सबसे बड़ी चुनौतियाँ थीं —
सीमित बजट
पुरानी अधर में लटकी फाइलें
विभागीय प्रक्रियाएँ
फिर भी मैंने हर समस्या को अवसर की तरह लिया। रोज़ वार्ड में घूमना, लोगों से बात करना, और अधिकारियों से लगातार फॉलो–अप मेरी सबसे बड़ी ताकत रही।
सवाल: आपकी कार्यशैली को लोग ईमानदार और जमीन से जुड़ी बताते हैं। क्या कहेंगे?
सभासद कोविंद्र:
“मेरी राजनीति का मतलब सिर्फ इतना है —
काम बोले, चेहरा नहीं।
लोग मुझे प्यार देते हैं क्योंकि मैं खुद हर काम की निगरानी करता हूँ, सिर्फ आदेश नहीं देता।”
सवाल: आने वाले समय में वार्ड–4 के लिए आपकी प्राथमिकताएँ क्या हैं?
सभासद कोविंद्र:
वार्ड में दो नई सड़कों का प्रस्ताव लंबित है, उन्हें पास कराना।
नालियों की फाइनल लाइनिंग और जल निकासी को और बेहतर बनाना।
बाग व पार्क विकसित करना।
युवाओं के लिए स्पोर्ट्स संबंधित सुविधाएँ बढ़ाना।
सभी गलियों में 100% LED लाइट कवरेज सुनिश्चित करना।
निवासियों ने क्या कहा?
वार्ड के बुजुर्गों, महिलाओं और युवाओं ने बताया कि:
“अब गली साफ रहती है।”
“रात में उजाला रहता है, सुरक्षा बढ़ी है।”
“कोविंद्र जी हर समय उपलब्ध रहते हैं।”
“काम में पारदर्शिता और तेज़ी है।”
ढाई साल में वार्ड–4 के विकास की यह यात्रा कोविंद्र सभासद की सक्रियता, ईमानदारी और जनसेवा की प्रतिबद्धता का परिणाम है।
लोगों की उम्मीदें और बढ़ गई हैं— और कोविंद्र भी कहते हैं,
“वार्ड–4 सिर्फ मेरा क्षेत्र नहीं, मेरा परिवार है।



