
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
भरतपुर । भरतपुर से बयाना आ रही एक रोडवेज बस में रविवार शाम जहरखुरानी का मामला सामने आया, जहां अज्ञात बदमाशों ने एक बुजुर्ग महिला को प्रसाद के बहाने नशीला पदार्थ खिलाकर बेहोश कर दिया और उनके सोने के कुंडल लूट लिए। रोडवेज कर्मचारियों की सतर्कता के चलते महिला को समय रहते अस्पताल पहुंचाया जा सका। घटना शाम करीब 4:45 बजे की है, जब भरतपुर डिपो की बस बयाना बस स्टैंड पहुंची। यात्रियों के उतरने के बाद परिचालक की नजर एक महिला पर पड़ी, जो अपनी सीट पर अचेत अवस्था में थी। आवाज देने और हिलाने पर भी जब महिला ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी, तो कर्मचारियों ने स्थिति की गंभीरता को समझा और तत्काल कार्रवाई शुरू की। सूचना मिलते ही अन्य रोडवेज कर्मचारी भी मौके पर पहुंच गए। एम्बुलेंस का इंतजार करने के बजाय कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए महिला को उसी बस से सीधे राजकीय अस्पताल पहुंचाया। चालक और परिचालक ने बस को इमरजेंसी वार्ड के सामने ले जाकर महिला को भर्ती कराया, जिससे उपचार तुरंत शुरू हो सका। अस्पताल में महिला के बैग से मिले मोबाइल फोन के आधार पर उसकी पहचान उच्चैन थाना क्षेत्र के गांव मदरियापुरा निवासी इंद्रा देवी (53), पत्नी परशुराम जाट के रूप में हुई। सूचना मिलने पर परिजन अस्पताल पहुंचे। महिला के पति परशुराम जाट ने बताया कि उनकी पत्नी अपने पीहर बरखेड़ा (नगर) से लौट रही थीं और नगर से भरतपुर होते हुए रोडवेज बस में उच्चैन के लिए सवार हुई थीं। रास्ते में अज्ञात व्यक्तियों ने उन्हें प्रसाद के बहाने नशीला पदार्थ खिला दिया, जिससे वह बेहोश हो गईं और अपने गंतव्य पर नहीं उतर सकीं। उनके कानों से सोने के कुंडल गायब पाए गए। इस घटना ने सार्वजनिक परिवहन में सक्रिय जहरखुरानी गिरोहों को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है। यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं, वहीं रोडवेज कर्मचारियों की तत्परता और मानवीय पहल की सराहना की जा रही है।



